Saturday , September 22 2018 10:14 PM
Breaking News

अश्विन को 50वें टेस्ट में BCCI की तरफ से विशेष तोहफा

अर्ली न्यूज़/नई दिल्ली।  बीसीसीआई ने टीम इंडिया के प्रशासनिक मैनेजर  के पद के संभावित दावेदारों की सूची में काट छांट की, जिसमें सबसे महत्वपूर्ण नाम तमिलनाडु के बाएं हाथ के स्पिनर सुनील सुब्रमणियम का बचा है, जिन्हें भारत के स्टार स्पिनर रविचंद्रन अश्विन  के बचपन के कोच के रूप में जाना जाता है। यहां मिली जानकारी के अनुसार गुजरात के पूर्व खिलाड़ी प्रकाश भट, दिल्ली के तेज गेंदबाज शंकर सैनी और सेना के खिलाड़ी अरमान मलिक दौड़ में बचे अन्य दावेदार हैं।

बीसीसीआई के अधिकारी ने नाम जाहिर नहीं करने की शर्त पर पीटीआई को बताया, ‘‘हां, तमिलनाडु के बायें हाथ के पूर्व स्पिनर सुनील सुब्रमण्यम का नाम दावेदारों की सूची में है. उनका बायोडाटा सबसे प्रभावशाली है जिसमें घरेलू स्तर पर 70 से अधिक प्रथम श्रेणी मैचों में खेलने का अनुभव है। ’’ असम और तमिलनाडु के लिए 74 मैच में सुब्रमण्यम ने 285 विकेट चटकाने के अलावा 1096 रन भी बनाए।

सुब्रमण्यम ने हालांकि नाम उस कोच के रूप में कमाया जिसने अश्विन को आफ स्पिन गेंदबाजी के गुर सिखाए. भारतीय टीम में जगह पक्की करने के बाद भी अश्विन अपनी कमियों को दूर करने के लिए सुब्रमण्यम के पास जाते हैं।

मलिक मुंबई की रणजी टीम के प्रशासनिक मैनेजर हैं जबकि प्रकाश दायें हाथ के बल्लेबाज हैं जिन्होंने गुजरात के लिए 51 मैच खेले।  एक रोचक नाम अंडर 19 राष्ट्रीय चयनकर्ता राकेश पारिख का भी है।  दायें हाथ के बल्लेबाज राकेश ने बड़ौदा के लिए 50 से अधिक प्रथम श्रेणी मैच खेले।

पूर्व तेज गेंदबाज सैनी ने 20 प्रथम श्रेणी मैचों में 57 विकेट चटकाए. सैनी ओड़िशा में विजय हजारे ट्राफी के दौरान दिल्ली की टीम के मैनेजर थे जहां सलामी बल्लेबाज गौतम गंभीर और कोच केपी भास्कर के बीच बहस हुई थी।  डीडीसीए प्रशासक विक्रमजीत सेन को सैनी की गोपनीय रिपोर्ट के कारण ही गंभीर को निलंबित सजा सुनाई गई।

About Anand Gopal Chaturvedi

Group Editor / CMD Early News Group

Check Also

‘हर-हर मोदी’ को ‘बम-बम भोले’ से टक्कर देंगे राहुल गांधी, जानिए पूरा मामला

अपने पोस्टरों को लेकर अक्सर चर्चा में रहने वाले इलाहाबाद कांग्रेस के स्थानीय नेता हसीब ...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

SR Global School