Saturday , October 20 2018 5:58 PM
Breaking News

 रिजर्व बैंक ने नकदी की ढुलाई के लिए बाहरी सेवा प्रदाताओं पर बैंकों की बढ़ती निर्भरता

 रिजर्व बैंक ने नकदी की ढुलाई के लिए बाहरी सेवा प्रदाताओं पर बैंकों की बढ़ती निर्भरता के बीच इसके नियम कठोर किए हैं. रिजर्व बैंक के दिशानिर्देश के मुताबिक, सेवा प्रदाता की नेटवर्थ कम से कम 100 करोड़ रुपये होनी चाहिए. इसके अतिरिक्त उसके पास विशेष रूप से तैयार कम से कम 300 वाहनों का बेड़ा होना चाहिए.
Image result for रिजर्व बैंक ने बैंकों

रिजर्व बैंक के सर्कुलर के मुताबिक, “सेवा प्रदाता  उनके सब-कॉन्ट्रेक्टर के पास पड़ी नकदी भी बैंक की ही संपत्ति है. उससे जुड़े किसी भी तरह के खतरे की जिम्मेदारी बैंक की होगी.किसी भी सेवा प्रदाता के साथ डील करते हुए बैंक के पास बोर्ड की ओर से व्यापक मंजूरी होनी चाहिए.

बैंकों को 90 दिन के भीतर निर्देशों का पालन करने के लिए बोला गया है. सर्कुलर के अनुसार, नकदी ले जाने वाले वाहन में जीपीएस होना महत्वपूर्ण है. रात में इनकी आवाजाही से बचना चाहिए. बार-बार एक ही समय पर एक ही रास्ते से किसी वाहन को नहीं भेजा जाना चाहिए. वाहन में ट्यूबलेस टायर, मोबाइल  हूटर भी जरूरी किया गया है.

बिटकॉइन से दूर रहेंगे वित्तीय संस्थान-

रिजर्व बैंक ने सभी बैंकों, गैर बैंकिंग वित्तीय संस्थानों  भुगतान सेवा प्रदाताओं को बिटाकॉइन जैसी वर्चुअल करेंसी में लेनदेन करने वाली इकाइयों से दूर रहने का आदेश दिया है. रिजर्व बैंक ने सभी वित्तीय संस्थानों को तत्काल ऐसी इकाइयों से खुद को अलग करने को बोला है.

केंद्रीय बैंक ने वर्चुअल करेंसी के लेनदारों  कारोबारियों को भी इसके खतरों के प्रति चेताया है. रिजर्व बैंक ने भुगतान से जुड़ी सेवाएं देने वाली सभी कंपनियों को ग्राहकों का हर तहर का ब्योरा हिंदुस्तान के अंदर ही सुरक्षित करने का आदेश भी दिया है. अपने नोटिफिकेशन में रिजर्व बैंक ने बोला कि इससे ग्राहकों के डाटा की सुरक्षा सुनिश्चित होगी.

सरकारी बैंक प्रमुखों की नियुक्ति में गवर्नमेंट की किरदार नहीं-

सार्वजनिक एरिया के बैंकों को लेकर सीमित अधिकार होने के रिजर्व बैंक गवर्नर उर्जित पटेल के बयान पर गवर्नमेंट ने अपनी स्थिति स्पष्ट की है. गवर्नमेंट का कहना है कि रिजर्व बैंक की शक्तियां कानून प्रदत्त हैं  सार्वजनिक एरिया के बैंकों में नियुक्ति पर गवर्नमेंट का अलग से कोई दखल नहीं है. वित्तीय सेवा सचिव राजीव कुमार ने एक प्रोग्राम में कहा, “सरकार नियुक्तियां बैंक्स बोर्ड ब्यूरो के मार्फत करती है. सभी नियुक्तियां रिजर्व बैंक की मंजूरी से होती हैं. व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी है. गवर्नमेंट का इसमें सीधा कोई दखल नहीं होता है.

About Anand Gopal Chaturvedi

Group Editor / CMD Early News Group

Check Also

विसर्जन के दौरान हुई दो लोगों की मौत

उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में मां दुर्गा की प्रतिमाओं के विसर्जन के दौरान हुई हिंसा और ...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

SR Global School