ब्रिक्स समिट का समापन, दुनिया में बढ़ रहा तनाव, एक क्षेत्र तक संकट सीमित नहीं: PM मोदी

अर्ली न्यूज़ नेटवर्क।
नई दिल्ली। ब्रिक्स के मंच से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विश्व को बड़ा संदेश दिया है. उन्होंने कहा है कि इस संगठन की मेहनत का फायदा पूरी मानवजाति को मिलना चाहिए. अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने यह भी कहा, BRICS डिक्लेरेशन को सिर्फ सरकारों तक सीमित करने के बजाए पूरी जनता को इसमें सहभागी बनाना चाहिए. आज चुनौतियों को वक्त रहने, पहचानना जरूरी है, इसलिए कई मोर्चों पर काम करना होगा. मैं सभी सदस्य देशों के लोगों से भी अपील करता हूं कि वो ब्रिक्स के लक्ष्य को हासिल करने में अपनी भूमिका को पूरी ताकत और जिम्मेदारी से निभाएं.
सदस्य देशों के ग्रुप फोटोग्राफ के बाद ‘लचीलापन, इनोवेशन, सहयोग और सस्टेनेबिलिटी: समावेशी वैश्विक विकास के लिए भविष्य को आकार देना’ विषय पर आयोजित सत्र को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने यह भी कहा कि ब्रिक्स की लगातार बढ़ती ताकत इस बात का प्रमाण है कि हम सही दिशा में काम कर रहे हैं.
करीब 9 मिनट 10 सेकेंड के अपने संबोधन में पीएम मोदी ने वैश्विक चुनौतियों का भी जिक्र किया. भारत मंडपम से दिए अपने रविवार के संबोधन में पीएम मोदी ने कहा, ‘हमारा आपसी सहयोग, हमारी प्रेरणा बनना चाहिए. हमारी विविधता हमारी नई पहचान बननी चाहिए. इसके लिए सभी नागरिक और संस्थान ब्रिक्स से किसी न किसी रूप से जुड़ने चाहिए.’
पीएम मोदी ने कहा, ‘दुनिया में तेजी से तनाव बढ़ रहा है. आज कोई भी संकट एक क्षेत्र तक सीमित नहीं है. इस वैश्विक तनाव के चलते दुनिया की सप्लाई चेन प्रभावित हुई है. इसलिए हम सभी मिलकर वैश्विक चुनौतियों से निपटने की कोशिश कर रहे हैं.’
पीएम मोदी ने कहा, ‘भारत ने ब्रिक्स से सहयोग को बढ़ाया है. हमनें ब्रिक्स स्टार्टअप फंड का प्रस्ताव रखा है. हमारा मानना है कि सबके सहयोग से गाइडलाइंस तैयार होनी चाहिए. भारत खुद इस पर अमल कर रहा है. विकास तभी सही मायनों में विकास कहलाता है जब पूरी दुनिया को उसका फायदा होता हो. इसलिए हम सदस्य देशों के छोटे-छोटे उद्योगों को भी बड़े बाजारों से जोडे़ंगे. उनके लिए फंड का इंतजाम करने समेत प्रतिभाओं को दबाने वाली चुनौतियों पर काबू पाएंगे. सप्लाई चेन को मजबूत करेंगे और एक खुशहाल दुनिया बनाएंगे.’
दोपहर तीन बजे फिलीपींस के राष्ट्रपति फर्डिनेंड आर. मार्कोस जूनियर के साथ बैठक होगी. साढ़े तीन बजे इजिप्ट के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सिसी से वार्ता होगी. सवा चार बजे दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा के साथ मुलाकात होगी. आगे प्रधानमंत्री मोदी नाइजीरिया, बुरुंडी और युगांडा के नेताओं से भी मुलाकात करेंगे.







