Breaking
रजनीकांत-कमल हासन को लॉन्च करने वाले पद्मश्री विजेता डायरेक्टर भरतहिराजा का निधनजम्मू-कश्मीर: उरी सेक्टर में ग्रेनेड फटने से सेना के दो जवान शहीदअब दुश्मनो की खैर नहीं, भारत ने तैनात किए 12 परमाणु बमफिलीपीन्स में आया 7.8 तीव्रता का भूकंप, तटीय इलाकों में उठीं सुनामीINDIA Bloc मीटिंग में खरगे का मोदी सरकार पर हमला, विदेश नीति से लेकर SIR तक उठाए आरोपRealme P4R आगमन, 8000mAh बैटरी से मचाएगा तहलका, जानें फीचर्सटॉम क्रूज के को-स्टार जेम्स हैंडी की हत्या, गर्लफ्रेंड का बेटा कातिलरूस ने भारत को दिया 5वीं पीढ़ी के Su-57 स्टील्थ फाइटर जेट का ऑफरकॉकरोच जनता पार्टी की पहली रैली में भारी भीड़, राजनेताओं की उड़ी नींदकुवैत एयरपोर्ट पर ड्रोन अटैक, एक भारतीय की मौत
अर्ली बिज़नेसउत्तर प्रदेश

पेट्रोल के दाम कम होने से क्या दूसरी चीज़ेभी सस्ती होंगी,या रहेगी महंगाई बरकरार ।

नई दिल्ली : केंद्र की मोदी सरकार ने दीपावली से पेट्रोल डीजल के रेट कुछ कम करके आम आदमी को नाकों चने चबवाती महंगाई से राहत देने के लिये बड़ा फैसला लिया है. डीजल पर केंद्र सरकार ने सीधे 10 रुपये प्रति लीटर एक्साइज ड्यूटी में कमी की है.जिससे पेट्रोल के दाम घटे है, अब सवाल यह उठता है कि क्या सस्ते डीजल के बाद आम लोगों को महंगाई से भी राहत मिल पाएगी ? क्या आसमान छू रहे साग-सब्जी, दूध और खाने के तेल के दाम घटेंगे ।
दरअसल डीजल के दाम कई शहरों में 100 रुपये प्रति लीटर के पार जा चुका था. जिसके चलते माल ढुलाई महंगी हो गई थी. क्योंकि ट्रांस्पोर्टरों ने ईंधन पर लागत बढ़ने के चलते किराया बढ़ा दिया था. इसका असर ये हुआ कि साग-सब्जी हो या फल या दूध सभी चीजें महंगी होती चली गई. टमाटर 60 से 70 रुपये किलो, प्याज 50 से 60 रुपये किलो, फूल गोभी 80 से 100 रुपये किलो के भाव पर मिल रहा. तो फलों में सेब 120 से 150 रुपये प्रति किलो में मिल रहा है. वहीं मदर डेयरी हो या अमूल सभी ने पिछले दिनों दूध के दामों में 2 रुपये प्रति लीटर दाम बढ़ा दिये थे. दलील ये थी कि ट्रांस्पोर्टेशन कॉस्ट बढ़ने के चलते दूध महंगा हुआ है. अब सवाल उठता है कि कि क्या फल-सब्जी और दूध सस्ता होगा ?
क्या डीजल के दामों में कमी के बाद महंगाई से परेशान लोगों को राहत देने के लिये अमूल और मदर डेयरी दूध के दाम घटायेंगे?
यहीं नहीं खाने का तेल, खासतौर से सरसों का तेल 200 से 220 रुपये प्रति किलो में मिल रहा है. खाने के तेल की महंगाई ने लोगों का बजट बिगाड़ दिया है. सवाल उठता है कि सरसों तेल बनाने वाली कंपनियां जिन्होंने महंगे डीजल का हवाला देकर दाम बढ़ाते रहे. अब सवाल उठता है कि क्या खाने के तेल बनाने वाली अब क्या दाम घटायेंगी ?
कहा जाता है कि डीजल अगर महंगा होता है तो महंगाई बढ़ना लाजिमी है क्योंकि माल ढुलाई महंगी होती है तो इसका असर हर चीजों के दाम (Cascading Effect) पर पड़ता है लेकिन दिल्ली में डीजल 98.42 रुपये से घटकर 86.67 रुपये प्रति लीटर हो गया है. तो मुंबई में 106.62 रुपये लीटर से घटकर 94.14 रुपये, कोलकाता में 101.56 रुपये से घटकर 89.79 रुपये प्रति लीटर डीजल हो गया है. वहीं कई राज्यों ने केंद्र सरकार के एक्साइज ड्यूटी में कटौती के ऐलान के बाद पेट्रोल डीजल पर वैट में भी कटौती कर दी है. जिससे कई राज्यों में डीजल और भी सस्ता हो गया है.
ऐसे में ये सवाल उठता है कि क्या माल ढुलाई सस्ती होगी? क्या दूध, फल-सब्जी और खाने का तेल सस्ता होगा जिससे आम लोगों को इस कमरतोड़ महंगाई से राहत मिल सके. केंद्र सरकार ने भी पेट्रोल डीजल पर एक्साइज ड्यूटी में कटौती करते हुये यही कहा है कि इससे आम लोगों को बढ़ती महंगाई से राहत मिलेगी. तो क्या ऐसा संभव होगा ? आम लोगों को अब इस बात का इंतजार है

Related Articles

Back to top button