Breaking
एलपीजी की किल्लत ख़तम, रसोई गैस लेकर आ रहे हैं दो जहाजों को ईरान के अधिकार क्षेत्र से गुजरने की मिली अनुमतिFBI की हैरान करने वाली रिपोर्ट, क्या अमेरिका में घुसकर मारेगा ईरान?HPCL के प्लांट में डबल मर्डर, पुलिस ने आरोपी के दोनों टांगों में मारा गोलीEarly News Hindi Daily E-Paper 13 March 2026Opposition के ‘Mic Off’ के आरोप पर स्पीकर ओम बिरला का पलटवार, कहा- मेरे पास कोई बटन नहीं हैदेश के कई शहरों में होटल रेस्ट्रोरेंट और ढाबे बंददेश भर में एलपीजी घरेलू सिलेंडर की किल्लत, जबकि कमर्शियल सिलेंडर मिलना बंदCM धामी- अग्निवीर को 10% रिजर्वेशन देकर सुरक्षित करेंगे भविष्यईरान के मिसाइल हमले हुए कम, क्या है तेहरान की नई रणनीति?नहीं बढ़ेगा LPG गैस का दाम? सरकारी सूत्रों ने कहा- देश में पर्याप्त स्टॉक
Breaking NewsMain slideराज्य

असमः खदान में 100 फीट तक पानी पहुँचने से 1 श्रमिक की मौत

अर्ली न्यूज़ नेटवर्क।

असम।  असम के दीमा हसाओ जिले में सोमवार शाम से 300 फीट गहरे कोयला खदान में फंसे मजदूरों को बचाने की कोशिशें लगातार जारी है। इस बीच सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने एक मजदूर के मौत की पुष्टि की है। वहीं खदान के अंदर पानी का स्तर लगातार बढ़ता जा रहा है। मंगलवार को खदान में पानी का स्तर 100 फीट के आसपास पहुंच गया जिससे खतरा बढ़ता जा रहा है। मौके पर एनडीआरफ और एसडीआरएफ की टीमें भी तैनात हैं। मंगलवार को रेस्क्यू ऑपरेशन में तेजी लाने के लिए भारतीय नौसेना के गोताखोरों को तैनात किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि विशाखापत्तनम से नौसेना के गोताखोरों को बुलाया गया है।

गौरतलब है कि खदान में पानी का स्तर अचानक बढ़ने के तुरंत बाद बचाव कार्य शुरू कर दिया गया था और भारतीय सेना, असम राइफल्स और स्थानीय अधिकारियों सहित कई एजेंसियां मजदूरों को बाहर निकालने की कोशिश कर रहे हैं। भारतीय सेना और असम राइफल्स के गोताखोरों और इंजीनियरों की टास्क फोर्स फंसे हुए माइनर्स को खोजने के लिए खदान के अंदर गोता भी लगाया हालांकि अब तक माइनर्स का कोई पता नहीं चल पाया है। शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि खदान में बिना किसी चेतावनी के पानी भरने लगा जिससे श्रमिक बाहर नहीं निकल पाए।

 

Related Articles

Back to top button