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कृषि कानून के वापस होते ही सीएए का जिन भी याद दिलाने लगे ओवैसी।

नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार सुबह गुरु नानक देव जयंती के मौके पर तीनों कृषि कानूनों को वापस करने की घोषणा की है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की घोषणा के बाद AIMIM अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने लोगों को नागरिकता संशोधन कानून CAA ) के विरोध में चलाए गए अभियान को याद दिलाया है।

ओवैसी ने कहा है कि प्रधानमंत्री कभी भी जन आंदोलन को हराने में कामयाब नहीं हुए हैं, सिर्फ उत्पीड़न किया है।
ओवैसी ने एक ट्वीट संदेश में कहा है, “चुनाव और कानूनों के खिलाफ अभियान ने प्रधानमंत्री को फिर से सोचने पर मजबूर कर दिया है। वे कभी भी एक जन आंदोलन को हराने में कामयाब नहीं हुए हैं, सिर्फ उत्तपीड़न किया है, CAA विरोधी अभियान से राष्ट्रीय स्तर पर NRC लागू करने की बातों को विराम लग गया था, CAA के नियमों को बनाया जाना अभी बाकी है। किसान के हठ से ही किसान आंदोलन को सफलता मिली है।” ओवैसी सिर्फ यहीं नहीं रुके, उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के ‘एक देश एक चुनाव’ के आइडिया पर भी सवालिया निशान लगा दिया और कहा कि वह भी एक खराब आइडिया है।
बता दें कि आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्र के नाम संबोधन में कहा कि उनकी सरकार तीनों कृषि कानून किसानों के भले के लिए लेकर आई थी लेकिन वो कुछ किसान भाइयों को समझा नहीं पाए और अब सरकार कृषि कानूनों को वापस ले रही है। संसद के शीतकालीन सत्र में सरकार तीनों कानून वापस लेने की संवैधानिक प्रक्रिया पूरी करेगी। पीएम मोदी ने खुले मन से कहा कि ये समय किसी को भी दोष देने का नहीं है। सरकार ने 3 कृषि कानून वापस ले लिए हैं और अब किसान साथी अपने-अपने घर लौटें।

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