Breaking
Breaking NewsMain slideराष्ट्रीय

कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सुशीला तिरिया पंचतंत्र में विलीन, खोया एक मुखर आदिवासी चेहरा

अर्ली न्यूज़ नेटवर्क।

ओडिशा। कांग्रेस नेता और पूर्व सांसद सुशीला तिरिया का रविवार शाम एम्स भुवनेश्वर में इलाज के दौरान निधन हो गया। वह 70 वर्ष की थीं। तिरिया मयूरभंज लोकसभा सीट से दो बार सांसद चुनी गईं और दो बार राज्यसभा की सदस्य भी रहीं। परिजनों ने बताया कि तिरिया का फेफड़ों के संक्रमण को लेकर इलाज किया जा रहा था। कांग्रेस की ओडिशा इकाई के अध्यक्ष भक्त चरण दास ने एक बयान में कहा, “मैं मयूरभंज की वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व राज्यसभा एवं लोकसभा सदस्य सुशीला तिरिया के निधन के बारे में जानकर बेहद दुखी हूं। ईश्वर दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करे।

सुशीला तिरिया ओडिशा की उन चुनिंदा नेताओं में से थीं, जिन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई थी। उनका राजनीतिक करियर उपलब्धियों से भरा रहा, वह राज्यसभा और लोकसभा दोनों सदनों की सदस्य रहीं। उन्होंने मयूरभंज लोकसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया था। उन्हें ओडिशा में आदिवासियों और महिलाओं की एक मजबूत आवाज के रूप में जाना जाता था। तिरिया ने दशकों तक कांग्रेस पार्टी में विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर रहकर संगठन को मजबूती प्रदान की

उनके निधन पर कांग्रेस के शीर्ष नेताओं सहित विभिन्न राजनीतिक दलों ने दुख व्यक्त किया है। नेताओं ने उन्हें एक ऐसी समर्पित राजनेता बताया जो हमेशा जमीन से जुड़ी रहीं और हाशिये पर मौजूद लोगों की लड़ाई लड़ती रहीं। “सुशीला तिरिया जी का निधन ओडिशा की राजनीति और कांग्रेस परिवार के लिए एक अपूरणीय क्षति है। आदिवासी उत्थान के लिए उनका योगदान हमेशा याद रखा जाएगा।” मयूरभंज और पूरे राज्य के लोगों के लिए वह केवल एक नेता नहीं बल्कि एक मार्गदर्शक थीं। उनका अंतिम संस्कार उनके पैतृक निवास पर किए जाने की संभावना है, जहाँ बड़ी संख्या में समर्थकों के जुटने की उम्मीद है।

Related Articles

Back to top button