Breaking
अखिलेश ने कहा आधी आबादी यानि महिलाओं को मिलेंगे हर साल 40,000/-PM मोदी ने नेपाली प्रधानमंत्री बालेन शाह से की फोन पर बात,दिया मदत का भरोषानेपाल में आई भारी बाढ़ में लगभग 300 से ज्यादा भारतीय लापतानेपाल में बाढ़ से भारी तबाही, मरने वालों का आंकड़ा 162 पहुंचा और 750 लोग लापताIT दिल्ली में छात्र की मौत के बाद हड़कंप! रिटायर्ड जज और AIIMS एक्सपर्ट करेंगे जांचबिहार में भी हाई अलर्ट जारी किया गया, गंडक वैराज के सभी गेट खोले गएनेपाल के रेसुआ में हाइड्रो प्रोजक्ट तबाहनेपाल में बाढ़ से भारी तबाही 750 लापता जबकि 139 की गई जान, राहत बचाव कार्य जारीप्रसिद्ध कृष्णा और मानव सुथार की गेंदबाजी से श्रीलंका के 8 विकेट ढेर, जीत के करीब भारतइंडियन कोस्ट गार्ड ने तट पर डूबे जहाज की खोजी लाइफबोट, 22 नाविकों की तलाश जारी
राजनीतिराष्ट्रीय

ट्रैक्टर चलाकर संसद पहुंचे ‘राहुल गाँधी’ कहा-किसानों के लिए लाया हूं संदेश

नई दिल्ली: कांग्रेस नेता राहुल गाँधी सोमवार को नए कृषि कानूनों (New Agriculture Laws) के खिलाफ मॉनसून सत्र में हिस्सा लेने के लिए ट्रैक्टर चलाकर संसद पहुंचे. उन्होंने कहा कि सरकार किसानों को दबा रही है और उनके मुद्दों पर संसद में चर्चा नहीं होने दे रही है, इसलिए मैं किसानों का संदेश लेकर संसद पहुंचा हूं.

राहुल गांधी ने की कृषि कानूनों को वापस करने की मांग

राहुल गांधी (Rahul Gandhi) जो ट्रैक्टर चला रहे थे उस पर उनके साथ राज्य सभा सदस्य दीपेंद्र हुड्डा (Deepender Singh Hooda), प्रताप सिंह बाजवा और पार्टी के कुछ अन्य सांसद बैठे थे. इस ट्रैक्टर के आगे एक बैनर भी लगा था जिस पर ‘किसान विरोधी तीनों काले कृषि कानून वापस लो-वापस लो’ लिखा हुआ था. कांग्रेस का कहना है कि राहुल गांधी के साथ मौजूद पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला, पार्टी के राष्ट्रीय सचिव प्रणव झा, भारतीय युवा कांग्रेस के अध्यक्ष श्रीनिवास बी.वी. और कई अन्य नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया.

तीन नए कृषि कानूनों (New Agriculture Laws) को लेकर राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने कहा कि ये काले कानून हैं और सरकार को इन्हें वापस लेना ही होगा. पूरा देश यह जानता है कि ये कानून देश के 2 से 3 कारोबारियों को ही फायदा पहुंचाने वाले हैं.

जंतर-मंतर पर किसानो का विरोध प्रदर्शन

राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ऐसे समय पर कृषि कानूनों के विरोध में ट्रैक्टर चलाकर संसद भवन परिसर के नजदीक पहुंचे, जब किसान जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं. बता दें कि दिल्ली से लगे टिकरी बॉर्डर, सिंघू बॉर्डर और गाजीपुर बॉर्डर पर किसान पिछले साल नवंबर से विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं. उनकी मांग है कि तीनों कृषि कानूनों को वापस लिया जाए और न्यूनतम समर्थन मूल्य की कानूनी गारंटी दी जाए. हालांकि सरकार का कहना है कि ये कानून किसानों के हित में हैं. सरकार और प्रदर्शन कर रहे किसानों के बीच कई दौर की वार्ता हुई जो बेनतीजा रही है.

Related Articles

Back to top button