Breaking
भाजपा की लोकतंत्र बचाओ-अराजकता हटाओ पदयात्रा में उमड़ा जनसैलाब, जाम से आम जनता हलकानवाराणसी के एक दिवसीय दौरे पर अखिलेश, बोले- भाजपा ही अराजकता हैग्लेंन मैक्सवेल ने 14 साल के सफर का किया अंत, इंटरनेशनल क्रिकेट से लिया संन्यासदुनिया भर में जेलर 2 ने 810 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार किया, अन्य फिल्मों की कमाई धीमीदिल्ली में औसत AQI 331 पहुंचा, जहांगीरपुरी समेत कई इलाके गंभीर श्रेणी मेंनेपाल में लैंडिंग के दौरान दो हेलीकॉप्टर आपस में टकराए, विदेशी पर्यटक की मौतसमाजवादी पार्टी उत्तर प्रदेश के लिए श्राप है- योगीAAP छोड़ने वाले 3 विधायक बीजेपी में शामिलUP वाले विदाई अच्छे से करते हैं- अखिलेश यादवउत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में भाजपा प्रकोष्ठ संकुल की बड़ी भूमिका होगी- वीडी शर्मा
Breaking Newsअर्ली बिज़नेसबिहार

बहोत जल्द खाने को मिलेगा बिहारी सेब,कश्मीर की जगह बिहार में होगा पैदा |

बिहार : सेब प्रेमियों के लिए अब सुनहरा मौक़ा सेब खरीदने कश्मीर के बजाये जाना पड़ेगा बिहार ,क्योंकि अबसे बिहार के किसानों ने इस दिशा में कार्य करने के लिए मन बनाया है ,तो सरकार ने भी इस और ध्यान केंद्रित किया है ,
वैसे बिहार में सेब की खेती करने वाले किसानों के लिए अच्छी खबर है. मुजफ्फरपुर में पहली बार सेब की खेती के लिए किसानों को अनुदान दिया जायेगा. मुजफ्फरपुर के अलावा भागलपुर, बेगूसराय, औरंगाबाद, वैशाली, कटिहार, समस्तीपुर जिले का भी इस योजना के लिए चयनित किया गया है. सातों जिले में 10 हेक्टयर में सेब की खेती होगी. खेती करने वाले किसानों को उदयान विभाग की ओर से 50 पतिशत अनुदान मिलेगा. विशेष उदयानिक फसल योजना (निजी व सार्जनिक कषेत) वर्ष 2021-22 के तहत सेब की खेती के लिए सभी जिले में भौतिक व वित्तीय लक्ष्य निर्धारित कर दिया गया है.

भागलपुर, बेगूसराय, वैशाली को दो-दो हेक्टयर का लक्ष्य दिया गया है, जबकि मुजफ्फरपुर, औरंगाबाद, कटिहार, समस्तीपुर को एक-एक हेक्टयर में खेती का लक्ष्य दिया गया है. सेंटर ऑफ एक्सिलेंस देसरी से सेब का पौधा उपलब्ध कराया जायेगा. किसान अक्टूबर से फरवरी तक पौधा लगा सकते है. सेब की खेती करने वाले किसानों को 60:20:20 के अनुपात में तीन किश्तों में अनुदान की राशि दी जायेगी. द्वतीय किश्त का अनुदान प्रथम वर्ष में लगाये गये 75 प्रतिशत पौधे जीवित रहने पर वर्ष 2022-23 में दिया जायेगा. तृतीय द्वितीय वर्ष में 90 प्रतिशत पौधे जीवित रहने पर वित्तीय वर्ष 2023-24 में दिया जायेगा. प्रति हेक्टयर 625 सेब के पौधे लगाये जायेंगे. जिसे चार-चार मीटर की दूरी पर लगाना है.

किसानों को करना होगा ऑनलाइन आवेदन

सहायक निदेशक उदयान शंभु पसाद ने बताया कि अनुदान पर सेब की खेती करने वाले किसानों को उद्यान विभाग के पोर्ल पर आवेदन करना होगा. आवेदन में जमीन का पेपर, आधार कार्ड, बैक पासबुक, किसान रजिस्ट्रेशन, रे फोटो आदि देना होगा. अधिक जानकारी के लिए किसान उनके मुशहरी स्थित उदयान विभाग के कार्यालय या मोबाइल नंबर 9431818941 पर भी संपर्क कर सकते है.

एक हेक्टयर की खेती पर एक लाख 23 हजार 125 रुपये का मिलेगा अनुदान

उद्यान विभाग के अनुसार, एक हेक्टेयर सेब की खेती पर दो लाख 46 हजार 250 रुपये की लागत आयेगी. इसमें किसानों को लागत का 50 प्रतिशत यानी एक लाख 23 हजार 125 रुपये का अनुदान मिलेगा. पथम किस्त का अनुदान 60 प्रतिशत के अनुसार 73 हजार 875 रुपये, दूसरी किश्त में 20 प्रतिशत के अनुसार 24 हजार 625 रुपये, तीसरी किश्त 20 प्रतिशत के अनुसार 24 हजार 625 रुपये मिलेगा.

एमबीआरआइ भटौलिया में लगा हरीमन प्रजाति का सेब

सरैया पखंड के एमबीआरआइ भटौलिया में सेब की खेती हो रही है. एमबीआरआइ के संस्थापक अविनाश कुमार 2019 में हिमाचल पदेश से हरीमन 99 प्रजाति के सेब का पौधा लेकर आये थे. उस साल दिसंबर माह में 15 पौधे लगाये थे. इस साल से सेब का फलन शुरू हो गया है. 15 पेड़ पर करीब 60 से अधिक सेब लगे हुए है. अविनाश कुमार बताते है कि जलजमाव वाले जगहोँ पर सेब के पौधों का विकास नहीं होता है

Related Articles

Back to top button