Breaking
पीएम पर भड़के राहुल गाँधी, नीट पेपर लीक पर एजुकेशन मिनिस्टर को बर्खास्त करने की करी मांगविराट कोहली ने संन्यास की अटकलों पर तोड़ी चुप्पी, बोले- मुझे बार-बार काबिलियत साबित करने की ज़रूरत नहींVirat Kohli ने संन्यास की अटकलों पर तोड़ी चुप्पी, बोले- मुझे बार-बार काबिलियत साबित करने की ज़रूरत नहींAKTU के वाइस चांसलर प्रो0 जे पी पांडेय का कार्यकाल 6 महीने बढ़ा‘धार का भोजशाला मंदिर है…’ हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, हिंदू पक्ष की मांग मंजूर, मुस्लिम पक्ष सुप्रीम कोर्ट गयाEarly News Hindi Daily E-Paper 15 May 2026पीएम ने किआ अपना काफिला आधा, जाने कितनी गाड़ियां और कमांडो चलेंगे?भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने प्रतीक यादव के निधन पर उनके आवास पर पहुंचकर शोक व्यक्त कियाभारत की एनर्जी सप्लाई पर आंच नहीं आने देंगे- रूसी विदेश मंत्रीअखिलेश सौतेले भाई प्रतीक यादव का निधन, क्या नुकसान बनी मौत की वजह?
अंतर्राष्ट्रीय

तालिबान का दावा: पंजशीर घाटी में घुसा तालिबान, मसूद ने किया खारिज

काबुल: अफगानिस्तान में तालिबान के कब्जे के बाद से विभिन्न देशों ने अपने अपने नागरिकों को निकालने के लिए रेस्क्यू अभियान की जो शुरुआत की थी वह धीरे-धीरे खत्म होने लगी है.

उधर, तालिबान ने शनिवार को पंजशीर घाटी में भी प्रवेश करने का दावा किया. तालिबान ने कहा कि उसके लड़ाके पंजशीर घाटी में घुस गए हैं. हालांकि, इस दावे को पंजशीर के शेर कहे जाने वाले अहमद शाह मसूद के बेटे अहमद मसूद ने खारिज कर दिया है. अफगानिस्तान के स्थानीय न्यूज चैनल के अनुसार, तालिबान के सांस्कृतिक आयोग के एक सदस्य ने कहा है कि बातचीत का रास्ता अब भी खुला हुआ है.

अफगानिस्तान में बिगड़े हुए हालात के बीच में अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन और भारतीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर के बीच में शनिवार देर रात बात हुई है. अमेरिकी विदेश विभाग ने बताया है कि दोनों ने अफगानिस्तान और संयुक्त राष्ट्र में निरंतर समन्वय सहित साझा प्राथमिकताओं की व्यापक चर्चा की. दोनों अमेरिका-भारत साझेदारी को गहरा करने के लिए साझा लक्ष्यों और प्राथमिकताओं पर समन्वय बनाए रखने पर सहमत हुए हैं.

व्हाइट हाउस ने बताया है कि अमेरिका ने 14 अगस्त से शुरू हुए रेस्क्यू अभियान के बाद काबुल एयरपोर्ट से 111,900 लोगों को सुरक्षित निकाला है. वहीं, काबुल में हुए ब्लास्ट्स के बाद 27 अगस्त सुबह तीन बजे से लेकर 28 अगस्त सुबह तीन बजे तक 6800 लोगों को निकाला जा चुका है. व्हाइट हाउस के एक अधिकारी ने कहा कि 14 अगस्त के बाद से, अमेरिका ने लगभग 111,900 लोगों को निकालने या उनकी निकासी में मदद की है. जुलाई के अंत से, हमने लगभग 117,500 लोगों को रि-लोकेट किया है.

जैसे-जैसे अमेरिका समेत बाकी देशों का निकासी अभियान खत्म होने की ओर बढ़ रहा है, वैसे-वैसे तालिबान उस जगह पर भी अपनी सिक्योरिटी को बढ़ा रहा है, जहां पर पहले अमेरिका और बाकी देशों के जवान तैनात थे. काबुल एयरपोर्ट और उसके आस-पास तालिबान ने अपनी सुरक्षा को बढ़ाना शुरू कर दिया है. गुरुवार को हुए बम धमाकों में बड़ी संख्या में लोगों की जान जाने के बाद तालिबान ने एयरपोर्ट के आसपास आधुनिक हथियारों से लैस लड़ाके तैनात कर दिए हैं. इसके साथ ही उनकी संख्या में भी इजाफा किया गया है. 31 अगस्त को अमेरिकी सैनिकों के पूरी तरह से अफगानिस्तान छोड़ देने के बाद एयरपोर्ट पर तालिबान का कब्जा हो जाएगा. तालिबान ने एयरपोर्ट के चेकप्वाइंट्स में भी बढ़ोतरी की है.

Related Articles

Back to top button