Breaking
2025 की वो सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर, फिर भी कमाई से निराश हैं आमिर खान, बोले- ‘अगर 15 हजार स्क्रीन पर रिलीज होती..’रक्षा को लेकर भारत-कनाडा में बढ़ेगा सहयोग, क्या रिश्तों को सामान्य बनाने की दिशा में रहेगा अहम?मणिपुर में फिर हिंसा भड़कने से लगा कर्फ्यू, उखरुल में जले थे दर्जनों घरEarly News Hindi Daily E-Paper 9 February 2026सभी दल सदन को सुचारु संचालन हेतु सहयोग करें-सतीश महानाजापान के संसदीय पीएम टाकायची की होगी प्रचंड जीत? विपक्ष बिखरा हुआबांग्लादेशी हिन्दुओं को मोहन भगवत ने दी सलाह, कहा- भागे नहीं, संघर्ष करेंEarly News Hindi Daily E-Paper 8 February 2026इस्लामाबाद में शिया मस्जिद पर हमले की भारत ने की कड़ी निंदा, मृतकों और घायलों के प्रति जताई संवेदना29 साल पुरानी फाइल खुलते ही देर रात अरेस्ट हुए MP पप्पू यादव, अस्पताल में भर्ती
Main slideअंतर्राष्ट्रीयअपराधअर्ली बिज़नेसई-पेपरउत्तर प्रदेशउत्तराखंडएजुकेशनऑटो वर्ल्डछत्तीसगढ़दिल्ली/एनसीआरबिहारमध्यप्रदेशमनोरंजनमहाराष्ट्रराजनीतिराजस्थानराज्यराष्ट्रीयस्पोर्ट्सहेल्थ

यूपी पंचायत चुनाव: प्रतापगढ़ में सैकड़ों दावेदारों को बड़ा झटका, प्रधान कम 62 सीटों पर, BDC 92 सीटें

प्रतापगढ़ में गाँव बहुल सीटों की संख्या में इस बार कमी आई

यूपी पंचायत चुनव: पंचायत चुनाव में इस बार प्रधान के 62 पद, बीडीसी के 92 पद और जिला पंचायत सदस्य के चार पद कम किए गए हैं। जानकारी के मुताबिक, इस बार जिले की ग्रामीण आबादी यानी करीब 1.25 लाख आबादी नगर पंचायतों में शामिल हो गई है।

प्रतापगढ़। उत्तर प्रदेश में होने वाले तीन-स्तरीय पंचायत चुनाव (यूपी पंचायत चुनव 2021) के कारण प्रतापगढ़ (प्रतापगढ़) जिले में भी हलचल बढ़ गई है। हजारों दावेदार इस बार पंचायत चुनाव में जीत के लिए बेताब दिख रहे हैं। उन्हें बस पंचायत चुनाव की तारीखों की घोषणा का इंतजार है। लेकिन इस बीच, सैकड़ों दावेदारों को आगामी पंचायत चुनाव 2021 के लिए एक बड़ा झटका लगा है। इस बार पंचायत चुनावों में, प्रधान के 62 पद, बीडीसी के 92 पद और जिला पंचायत सदस्य के चार पद कम हो गए हैं। जानकारी के मुताबिक, इस बार जिले की ग्रामीण आबादी यानी करीब 1.25 लाख आबादी नगर पंचायतों में शामिल हो गई है।

अगर 2015 पंचायत चुनाव प्रधान के पद के लिए 1255 ग्राम पंचायत चुनाव हुए थे, लेकिन इस समय में, प्रधान के लिए केवल 1193 ग्राम पंचायत चुनाव होंगे। इस तरह पांच साल में प्रधान की 62 सीटें कम हो गईं। इसी तरह 2015 में 1526 वार्डों में बीडीसी के लिए चुनाव हुए थे, लेकिन इस बार 1434 वार्डों में ही चुनाव होंगे। बीडीसी ने अपनी 92 सीटें कम कर दी हैं। इस बार जिला पंचायत सदस्य की चार सीटें भी कम हुई हैं। 2015 में हुए जिला पंचायत सदस्य के लिए 61 वार्डों में चुनाव हुए थे, लेकिन इस बार केवल 57 वार्डों में जिला पंचायत सदस्य चुनाव होंगे।

सैकड़ों दावेदारों को झटका
दूसरी ओर, दो हजार की आबादी पर एक बीडीसी वार्ड बनाया जाता है, जबकि यह मानक ग्राम पंचायतों पर लागू नहीं होता है। इस बार पंचायत चुनाव में बैठे सैकड़ों दावेदारों को करारा झटका लगा है। चुनाव लड़ने की उनकी तैयारी भी कई वर्षों से निरस्त है। डीपीआरओ रविशंकर द्विवेदी ने बताया कि नगर पंचायत में लगभग 1.25 लाख आबादी शामिल हुई है, जिसके कारण प्रधान, बीडीसी, जिला पंचायत सदस्य के वार्डों में कमी आई है। पिछली बार के पंचायत चुनाव की तुलना में इस बार के पंचायत चुनाव में प्रधान, बीडीसी, जिला पंचायत सदस्य के वार्डों की संख्या में कमी आई है।

Related Articles

Back to top button